Home दुर्ग-भिलाई दुर्ग से बाबा धाम यात्रा पर गए गया नगर के 31 वर्षीय...

दुर्ग से बाबा धाम यात्रा पर गए गया नगर के 31 वर्षीय कांवड़िए की रास्ते में मौत, मोहल्ले में शोक

221
0
Spread the love

दुर्ग। पवित्र सावन माह में झारखंड के वैद्यनाथ धाम ज्योतिर्लिंग में गंगाजल चढ़ाने के लिए दुर्ग से बाबा धाम यात्रा पर निकले कांवड़ियों की टोली में शामिल गया नगर वार्ड क्रमांक 4 के निवासी 31 वर्षीय मणी चंद्राकर की कांवड़ यात्रा मार्ग में अचानक तबीयत बिगड़ने से मृत्यु हो गई। घटना की खबर मिलते ही परिवारजनों, परिचितों और मोहल्लेवासियों में शोक की लहर व्याप्त है।

जानकारी के अनुसार मणी चंद्राकर रविवार को दुर्ग से करीब 35 कांवड़ियों की टोली के साथ बाबा धाम के लिए रवाना हुए थे। यह टोली गोंडपारा निवासी अमित पटेल के नेतृत्व में यात्रा पर निकली थी। एक हजार किलोमीटर से अधिक का सफर तय करने के बाद कांवड़िए बिहार के सुल्तानगंज पहुंचे, जहां गंगा नदी में स्नान कर 10 अगस्त की शाम कांधे पर कांवड़ लेकर पैदल देवघर स्थित बाबा वैद्यनाथ धाम के लिए रवाना हुए।

11 अगस्त को सुल्तानगंज से करीब 27 किलोमीटर दूर मनिया मोड़ के पास पैदल यात्रा के दौरान मणी चंद्राकर के सीने में अचानक तेज दर्द हुआ। तबीयत बिगड़ने पर वे रास्ते में स्थित एक कैंप में रुक गए। साथी कांवड़ यात्रियों ने तत्काल उन्हें नजदीकी स्वास्थ्य केंद्र पहुंचाया। चिकित्सकों की सलाह पर उन्हें स्थानीय अस्पताल ले जाया गया, लेकिन उपचार के दौरान उनकी सांसें उखड़ गईं और उनका निधन हो गया।

बताया जा रहा है कि मणी चंद्राकर की मृत्यु हृदयाघात के चलते हुई है। उनके अचानक निधन से साथ गए कांवड़िए भी स्तब्ध हैं। घटना के बाद पूरी टोली ने बाबा धाम की यात्रा बीच में स्थगित कर दुर्ग लौटने का निर्णय लिया।

मृतक मणी चंद्राकर का पार्थिव शरीर एंबुलेंस के माध्यम से दुर्ग लाया जा रहा है। गुरुवार सुबह हरनाबांधा मुक्तिधाम में उनका अंतिम संस्कार किया जाएगा। उनके निधन की खबर से गया नगर सहित आसपास के क्षेत्र में शोक का माहौल है।शिवनाथ बोलबम कांवरिया समिति दुर्ग के संयोजक व निगम के पूर्व सभापति दिनेश देवांगन सहित समिति के सदस्यों ने मणी चंद्राकर के असामयिक निधन पर गहरा दुख प्रकट करते हुए परिजनों के प्रति संवेदना व्यक्त किया है।