Home छत्तीसगढ़ सीआरसी में अंतरराष्ट्रीय श्रवण दिवस पर जागरूकता कार्यक्रम आयोजित

सीआरसी में अंतरराष्ट्रीय श्रवण दिवस पर जागरूकता कार्यक्रम आयोजित

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राजनांदगांव। विश्व श्रवण दिवस प्रत्येक वर्ष 3 मार्च को विश्व स्तर पर मनाया जाता है, जिसका उद्देश्य श्रवण हानि के बारे में जागरूकता बढ़ाना तथा कान और श्रवण स्वास्थ्य की देखभाल को बढ़ावा देना है। इसी संदर्भ में कम्पोजिट रीजनल सेंटर (सीआरसी), राजनांदगांव द्वारा 10 मार्च 2026 को लाभार्थियों, अभिभावकों, विद्यार्थियों एवं स्टाफ के बीच श्रवण स्वास्थ्य के महत्व के प्रति जागरूकता फैलाने हेतु एक कार्यक्रम का आयोजन किया गया।
कम्पोजिट रीजनल सेंटर (सीआरसी), राजनांदगांव, जो कि राष्ट्रीय बौद्धिक दिव्यांगजन सशक्तिकरण संस्थान (एनआईईपीाईडी), सिकंदराबाद के प्रशासनिक नियंत्रण में कार्यरत है, द्वारा अंतरराष्ट्रीय श्रवण दिवस के अवसर पर एक दिवसीय कार्यक्रम का आयोजन बड़े उत्साह और सहभागिता के साथ किया गया।
कार्यक्रम का शुभारंभ कार्यक्रम के परिचय के साथ हुआ, जिसके पश्चात सरस्वती वंदना के साथ दीप प्रज्ज्वलन किया गया। कार्यक्रम में उपस्थित विशिष्ट अतिथियों का स्वागत श्रीमती स्मिता महोबिया, निदेशक, सीआरसी राजनांदगांव द्वारा किया गया।
इस अवसर पर मुख्य अतिथियों के रूप में डॉ. मिथलेश शर्मा (ईएनटी), डॉ. अश्विनी शेट्टी दिवाकर (ईएनटी), डॉ. राहुल सिंह चौहान (ईएनटी), डॉ. तुलावी (ईएनटी), डॉ. तृप्ति पंजवानी, अंकित राज व्यास तथा पद्मश्री डॉ. पुखराज बाफना, राजनांदगांव उपस्थित रहे।
कार्यक्रम के दौरान माननीय अतिथियों द्वारा प्रेरणादायक संबोधन दिया गया, जिसमें विश्व श्रवण दिवस के महत्व तथा कान एवं श्रवण स्वास्थ्य की देखभाल के महत्व पर प्रकाश डाला गया।
कार्यक्रम में सम्मान समारोह का भी आयोजन किया गया, जिसमें अतिथियों को समाज के प्रति उनके योगदान और कार्यक्रम में उनकी गरिमामयी उपस्थिति के लिए स्मृति चिन्ह भेंट कर सम्मानित किया गया। इसके अतिरिक्त, सीआरसी की महिला स्टाफ सदस्यों को भी दिव्यांगजनों की सेवा में उनके समर्पण और संस्थान की प्रगति में योगदान के लिए सम्मानित किया गया।
इस अवसर पर डॉ. तृप्ति पंजवानी द्वारा सामुदायिक स्तर से लेकर विद्यालय एवं कक्षा तक बच्चों के लिए श्रवण देखभाल सुनिश्चित करना विषय पर एक विशेष व्याख्यान प्रस्तुत किया गया। इस व्याख्यान में श्रवण समस्याओं की शीघ्र पहचान, समय पर हस्तक्षेप, सामुदायिक जागरूकता तथा शिक्षकों और अभिभावकों की भूमिका पर विशेष बल दिया गया, जिससे श्रवण बाधित बच्चों को शिक्षा के क्षेत्र में बेहतर सहयोग मिल सके।
इस अवसर पर सीआरसी राजनांदगांव द्वारा सुश्री चुनमुन मोहंती (प्रोस्थेटिस्ट एवं ऑर्थोटिस्ट) के मार्गदर्शन में सहायक उपकरणों का वितरण भी किया गया। कुल 5 लाभार्थियों को सहायक उपकरण प्रदान किए गए, जिनमें 5 हियरिंग एड, 3 एलएस ब्रेस, 2 स्टिक तथा 1 ट्राइपॉड शामिल थे। इन उपकरणों का वितरण माननीय अतिथियों के करकमलों द्वारा किया गया।
कार्यक्रम में आए मरीजों, लाभार्थियों, अतिथियों एवं स्टाफ सदस्यों के लिए श्रीमती मुक्ता साहू द्वारा अल्पाहार की व्यवस्था की गई।
पूरे कार्यक्रम का समन्वय प्रशांत मेश्राम द्वारा किया गया। कार्यक्रम का संचालन सुश्री पत्नाना चंदिनी द्वारा कुशलतापूर्वक किया गया।
अंत में धन्यवाद ज्ञापन के साथ कार्यक्रम का समापन किया गया, जिसमें सभी अतिथियों, सहयोगी संस्थाओं, स्टाफ सदस्यों, विद्यार्थियों तथा लाभार्थियों के प्रति उनकी उपस्थिति और सहयोग के लिए आभार व्यक्त किया गया।
कार्यक्रम में लाभार्थियों, स्टाफ सदस्यों, विद्यार्थियों एवं अतिथियों सहित कुल 90 प्रतिभागियों की सक्रिय सहभागिता रही, जिससे सीआरसी राजनांदगांव में अंतरराष्ट्रीय श्रवण दिवस का आयोजन सफलतापूर्वक एवं यादगार रूप में संपन्न हुआ।